
गर्मियों की शुरुआत होते ही उत्तर भारत में Heatwave 2025 यानी हीटवेव की स्थिति खतरनाक रूप लेने लगी है। उत्तर प्रदेश, दिल्ली, मध्य प्रदेश, राजस्थान और महाराष्ट्र जैसे राज्यों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस को पार कर चुका है। इस अचानक बढ़े तापमान ने प्रशासन और आमजन दोनों को सतर्क कर दिया है। खासकर छोटे बच्चों और बुजुर्गों के लिए यह मौसम जानलेवा साबित हो सकता है। इसी को ध्यान में रखते हुए कई राज्य सरकारों ने स्कूलों के समय में बदलाव करने का निर्णय लिया है।
उत्तर प्रदेश में स्कूलों की टाइमिंग में बदलाव
उत्तर प्रदेश में तेजी से बढ़ते तापमान को देखते हुए शिक्षा विभाग ने स्कूलों के समय में फेरबदल किया है। पहले जहां स्कूल सुबह 8 बजे से दोपहर 2 बजे तक संचालित होते थे, अब कुछ जिलों में यह समय घटाकर सुबह 7:30 से 12:30 तक कर दिया गया है। संभावना है कि आने वाले दिनों में यह नया समय पूरे राज्य में लागू किया जा सकता है।
महाराष्ट्र में भी बदली गई स्कूलों की समय-सारिणी
महाराष्ट्र सरकार ने भी बढ़ती गर्मी को देखते हुए सभी सरकारी और निजी स्कूलों को सुबह जल्दी खोलने का आदेश जारी किया है। नई व्यवस्था के अनुसार, स्कूल अब सुबह 7 बजे से लेकर 11:15 तक संचालित होंगे। शिक्षा विभाग ने यह निर्णय छात्रों की सेहत को ध्यान में रखते हुए लिया है ताकि वे दोपहर की तेज गर्मी से बच सकें।
ओडिशा में गर्मी से निपटने के लिए सख्त कदम
ओडिशा सरकार ने सभी सरकारी और प्राइवेट स्कूलों के लिए नया शेड्यूल जारी किया है। यहां स्कूलों को सुबह 6:30 बजे से लेकर 10:30 बजे तक संचालित करने के निर्देश दिए गए हैं। यह कदम राज्य में तेजी से बढ़ रहे तापमान और बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है।
आंध्र प्रदेश में छात्रों को आधे दिन की छुट्टी
आंध्र प्रदेश सरकार ने एक और बड़ा फैसला लेते हुए कक्षा 1 से 9 तक के सभी छात्रों के लिए स्कूल का समय घटा दिया है। अब स्कूल सुबह 7:45 बजे से दोपहर 12:30 तक ही चलेंगे। यह आदेश 15 अप्रैल से 23 अप्रैल तक प्रभावी रहेगा, लेकिन हीटवेव की गंभीरता को देखते हुए इसे आगे भी बढ़ाया जा सकता है।
हीटवेव के दौरान छात्रों के लिए जरूरी सावधानियां
गर्मी के इस दौर में छात्रों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी जा रही है। स्कूल आते-जाते समय भरपूर पानी पीना आवश्यक है ताकि शरीर में पानी की कमी न हो। साथ ही, सिर को टोपी, छाता या सूती कपड़े से ढकना चाहिए ताकि सीधी धूप से बचाव हो सके। हल्के और सूती कपड़े पहनना भी बेहद जरूरी है जिससे शरीर को हवा मिलती रहे और पसीना जल्दी सूख सके।